उत्तराखंड

धामी कैबिनेट के बड़े फैसले: मंत्रियों के काफिले आधे होंगे, ईवी नीति और चकबंदी योजना को मंजूरी

देहरादून। Pushkar Singh Dhami की अध्यक्षता में बुधवार को सचिवालय में आयोजित उत्तराखंड कैबिनेट बैठक में ऊर्जा संरक्षण, चिकित्सा शिक्षा, पर्यटन, राजस्व और ग्रामीण विकास से जुड़े 19 महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मुहर लगी। बैठक के बाद गृह सचिव शैलेश बगौली ने प्रेस वार्ता में कैबिनेट फैसलों की जानकारी दी।

राज्य सरकार ने ऊर्जा और ईंधन संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए कई सख्त और दूरगामी निर्णय लिए हैं। मुख्यमंत्री और मंत्रियों के वाहन काफिले में 50 प्रतिशत तक कटौती की जाएगी। साथ ही सप्ताह में एक दिन “नो व्हीकल डे” मनाया जाएगा, जिस दिन मंत्री वर्क फ्रॉम होम करेंगे। सरकारी विभागों में अधिकतर बैठकें अब वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित होंगी तथा “एक अधिकारी-एक वाहन” नीति लागू की जाएगी।

कैबिनेट ने राज्य में नई इलेक्ट्रिक व्हीकल (ईवी) नीति लाने पर भी सहमति दी। भविष्य में सरकारी वाहनों की खरीद में 50 प्रतिशत इलेक्ट्रिक वाहन अनिवार्य होंगे। प्रदेशभर में चार्जिंग स्टेशन विकसित किए जाएंगे। इसके अलावा पीएम सूर्य घर योजना के तहत रूफटॉप सोलर को बढ़ावा देने और सोलर व पावर प्रोजेक्ट्स की मंजूरी 60 दिनों के भीतर देने के निर्देश दिए गए हैं।

पर्वतीय क्षेत्रों में स्वैच्छिक चकबंदी योजना को भी मंजूरी मिली है। प्रत्येक जिले में 10 गांवों को लक्ष्य बनाया गया है। योजना लागू करने के लिए 75 प्रतिशत ग्रामीणों की सहमति जरूरी होगी तथा पूरी प्रक्रिया डिजिटल माध्यम से संचालित की जाएगी।

स्वास्थ्य और चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में भी कई अहम फैसले लिए गए। राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर में वर्ष 2009 से कार्यरत 277 कार्मिकों को समान कार्य के लिए समान वेतन का लाभ मिलेगा। चिकित्सा शिक्षा निदेशालय के पुनर्गठन के तहत पदों की संख्या 29 से बढ़ाकर 40 कर दी गई है। इसके अलावा लैब टेक्नीशियन संवर्ग के पुनर्गठन और 266 मेडिकल लैब टेक्निकल ऑफिसर पदों को मंजूरी दी गई। फॉरेंसिक साइंस विभाग में 15 नए पद भी सृजित किए जाएंगे।

पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए “विजिट माई स्टेट” अभियान चलाया जाएगा तथा डेस्टिनेशन वेडिंग के लिए सिंगल विंडो क्लीयरेंस व्यवस्था लागू की जाएगी। होम स्टे नीति में संशोधन करते हुए अब छह के बजाय आठ कमरों तक होम स्टे संचालित किए जा सकेंगे, हालांकि संचालक का उसी परिसर में रहना अनिवार्य होगा।

कैबिनेट ने ग्राम पंचायत निर्माण कार्यों के लिए मिलने वाली धनराशि 10 लाख से बढ़ाकर 20 लाख रुपये करने का भी निर्णय लिया। इसके अलावा महिला स्पोर्ट्स कॉलेज लोहाघाट में 16 पदों के सृजन, उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा अधिनियम की नियमावली, यात्रा व्यवसाय पंजीकरण नियमावली में संशोधन तथा लघु जल विद्युत परियोजना नीति में बदलाव को भी मंजूरी प्रदान की गई।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के आह्वान पर उत्तराखंड ऊर्जा संरक्षण, स्वच्छ विकास और आत्मनिर्भरता की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है तथा सरकार इन निर्णयों को तत्काल प्रभाव से लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है।

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