पूर्व महापौर ने अनुसूचित वर्ग को किया सम्मानित
डॉ अंबेडकर सामाजिक न्याय और समानता के प्रतीक : मंमगाई

ऋषिकेश। भारतीय जनता पार्टी के डा. भीम राव अम्बेडकर सम्मान अभियान के तहत पूर्व महापौर अनिता ममगाईं ने जाटव बस्ती में अनुसूचित वर्ग के भाई बंधुओं को उनके आवास पर जाकर अंग वस्त्र उड़ाकर सम्मानित किया। साथ ही 25 अप्रैल को 11 बजे आर्शीवाद वाटिका में होने जा रहे विशाल प्रबुद्ध जन सम्मेलन में आने का उन्होंने निमंत्रण दिया।
बता दें कि 14 से 25 अप्रैल तक भाजपा देश भर में भीमराव अंबेडकर सम्मान अभियान मना रही है। जिसमें संविधान निर्माता बाबा साहेब अंबेडकर के संपूर्ण जीवन, देश के प्रति उनके अमूल्य योगदान को बताया जा रहा है। जिसके लिये भाजपा अपने कार्यकर्ताओं के मार्फत विभिन्न कार्यक्रम,चर्चा, गोष्ठी, सम्मान कार्यक्रम आदि का आयोजन कर रही है।
कार्यक्रम में पूर्व महापौर अनिता ममगाईं ने कहा कि डॉ. भीमराव अंबेडकर सिर्फ एक नाम नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय और समानता के प्रतीक हैं। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब ने “शिक्षित बनो, संगठित रहो और संघर्ष करो” का नारा दिया था। यह नारा संगठित रहने और सुरक्षित रहने के बारे में एक महत्वपूर्ण संदेश है। उनका मानना था कि संगठित होकर ही वंचित और शोषित लोग अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर सकते हैं और सुरक्षित रह सकते हैं। आज के सन्दर्भ में उनकी बात सही साबित हो रही है। उन्होंने संगठित रहने और सुरक्षित रहने को लेकर जो नारा दिया था वह अब हम लोगों को समझ जाना चाहिए। फिर वह चाहे महिला हो पुरूष हो या युवा। इससे गंभीरता से हमें अपने मन में निहित कर लेना चाहिए। क्योंकि हाल ही में घटित कश्मीर की घटना इसका प्रमाण है। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब के नारे को हमें समझना चाहिये और उनके आदर्शों पर चलना चाहिए। उनके विचारों पर हमें काम करना चाहिए। तभी समाज ज़िंदा रहेगा और हम सुरक्षित रहेंगे। इस मौके पर सुभाष जाटव, दीपक, नरेश खैरवाल मुकेश खैरवाल, रवि, जितेंद्र, अक्षय खैरवाल, सुरेंद्र, अमित, राकेश खैरवाल, तीर्थ आदि उपस्थित रहे।




