पीएम मोदी ने भारत और ऑस्ट्रेलिया के मजबूत संबंधों को किया रेखांकित
मेलबर्न में 'अरे चायवाला' शब्द कहते ही गूंजा स्टेडियम

मेलबर्न। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस समय ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न शहर में प्रवासी भारतीय समुदाय के एक विशाल कार्यक्रम को संबोधित (PM Modi in Melbourne) किया। इस भव्य समारोह में बोलते हुए पीएम मोदी ने भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच लगातार मजबूत होते रणनीतिक व सांस्कृतिक संबंधों को रेखांकित किया।
उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि दोनों देशों के रिश्तों को इस ऐतिहासिक ऊंचाई पर पहुंचाने में सबसे बड़ा और महत्वपूर्ण योगदान वहां रह रहे भारतीय समुदाय का रहा है। प्रधानमंत्री ने प्रवासियों की तारीफ करते हुए कहा कि वे अपनी कड़ी मेहनत से ऑस्ट्रेलिया की प्रगति में चार चांद लगा रहे हैं।
स्टेडियम में उमड़ी भारी भीड़ को देखकर गदगद हुए प्रधानमंत्री मोदी ने इस कार्यक्रम को पूरी तरह ‘हाउसफुल’ और ‘ब्लॉकबस्टर’ करार दिया। उन्होंने प्रवासियों को याद दिलाया कि पिछले 12 वर्षों की अवधि में यह उनकी तीसरी ऑस्ट्रेलिया यात्रा है, जिसे उन्होंने एक प्रकार की ‘हैट-ट्रिक’ बताया।
पीएम मोदी ने कहा कि इससे पहले वे सिडनी में दो बार भारतीय समुदाय से मिल चुके थे, लेकिन इस बार वे विशेष रूप से मेलबर्न के लोगों से रूबरू होने और उनके साथ यहां की प्रसिद्ध ‘फ्लैट व्हाइट कॉफी’ का लुत्फ उठाने का इंतजार कर रहे थे। अपने संबोधन की शुरुआत में पीएम मोदी ने पारंपरिक भू-स्वामियों और उनकी पीढ़ियों के प्रति सम्मान भी प्रकट किया।
भाषण के दौरान एक बेहद दिलचस्प और भावुक पल तब आया जब प्रधानमंत्री ने भारतीय संस्कृति और प्रवासियों के मिलनसार स्वभाव का जिक्र किया। उन्होंने प्रवासियों की तुलना दूध और चीनी के अटूट रिश्ते से करते हुए कहा कि जिस तरह चीनी दूध में मिलकर उसकी मिठास बढ़ा देती है, ठीक वैसे ही भारतीय पूरी दुनिया में अपने प्रेम का रंग घोल देते हैं।
उन्होंने मजाकिया और आत्मीय लहजे में कहा कि भले ही ऑस्ट्रेलिया में घर पर दूध स्थानीय आता हो, लेकिन सुबह की चाय विशुद्ध भारतीय अंदाज में ही बनती है। इसके तुरंत बाद जैसे ही पीएम मोदी ने मुस्कुराते हुए ‘अरे चायवाला…’ शब्द का उच्चारण किया, वैसे ही पूरा स्टेडियम ‘मोदी-मोदी’ के गगनभेदी नारों से गूंज उठा। प्रवासियों का उत्साह इतना चरम पर था कि नारों की गूंज के कारण पीएम को कुछ पल के लिए अपना वाक्य बीच में ही रोकना पड़ा।




